पड़ाव 7: प्रचार · आखिरी अपडेट: 4 अक्टूबर 2026
किताब का ब्लर्ब (पीछे का सारांश) कैसे लिखें, नमूनों के साथ
ब्लर्ब वह छोटा परिचय है जो पेपरबैक के पिछले कवर पर और ऑनलाइन स्टोर में किताब के विवरण में दिखता है। शीर्षक और कवर पाठक को रोकते हैं, लेकिन ब्लर्ब उसे खरीदने के लिए राज़ी करता है।
चार-हिस्सों वाला सूत्र
- हुक: एक सवाल, दृश्य या चौंकाने वाली बात।
- समस्या या संघर्ष: पाठक की परेशानी, या कहानी के पात्र की चुनौती।
- वादा: किताब क्या देगी, या कहानी में क्या दाँव पर है।
- भरोसा: लेखक का अनुभव, या किताब की खासियत।
लंबाई: पिछले कवर के लिए 100 से 150 शब्द; ऑनलाइन विवरण थोड़ा लंबा हो सकता है, जिसमें मुख्य बिंदु भी हों।
नमूना 1: ज्ञान की किताब
क्या आप भी हर सुबह थके हुए उठते हैं, जबकि रात भर सोए थे?
शहर की भागदौड़ में हम सबसे पहले अपनी नींद और दिनचर्या खोते हैं। यह किताब आपको आयुर्वेद और आधुनिक विज्ञान, दोनों पर आधारित 21 सरल आदतें सिखाती है, जिन्हें दिन के केवल 15 मिनट में अपनाया जा सकता है। हर आदत के साथ एक 7-दिन की चेकलिस्ट भी है।
लेखिका 18 वर्षों से योग और जीवनशैली प्रशिक्षक हैं और हज़ारों लोगों को बेहतर दिनचर्या अपनाने में मदद कर चुकी हैं।
शहर की भागदौड़ में हम सबसे पहले अपनी नींद और दिनचर्या खोते हैं। यह किताब आपको आयुर्वेद और आधुनिक विज्ञान, दोनों पर आधारित 21 सरल आदतें सिखाती है, जिन्हें दिन के केवल 15 मिनट में अपनाया जा सकता है। हर आदत के साथ एक 7-दिन की चेकलिस्ट भी है।
लेखिका 18 वर्षों से योग और जीवनशैली प्रशिक्षक हैं और हज़ारों लोगों को बेहतर दिनचर्या अपनाने में मदद कर चुकी हैं।
नमूना 2: उपन्यास
1975 का बनारस। घाट की सीढ़ियों पर मिली एक पुरानी डायरी, जिसमें एक ऐसे परिवार का राज़ दर्ज है जिसे पूरा मोहल्ला भूल चुका है।
कॉलेज की छात्रा मीरा उस डायरी की लिखावट पहचानती है: वह उसकी अपनी दादी की है। जैसे-जैसे वह पन्ने पलटती है, उसके सामने अपने ही घर का एक अनजाना चेहरा खुलने लगता है। लेकिन कोई है जो नहीं चाहता कि यह सच कभी बाहर आए…
कॉलेज की छात्रा मीरा उस डायरी की लिखावट पहचानती है: वह उसकी अपनी दादी की है। जैसे-जैसे वह पन्ने पलटती है, उसके सामने अपने ही घर का एक अनजाना चेहरा खुलने लगता है। लेकिन कोई है जो नहीं चाहता कि यह सच कभी बाहर आए…
नमूना 3: संस्मरण
एक छोटे-से गाँव के प्राथमिक विद्यालय से शुरू होकर देश के बड़े संस्थानों तक पहुँचा चालीस वर्षों का सफ़र। इस किताब में संघर्ष हैं, गुरु हैं, गलतियाँ हैं, और वे छोटी-छोटी बातें हैं जो किसी जीवन को बनाती हैं। अपने बच्चों और विद्यार्थियों के लिए लिखी गई यह किताब हर उस पाठक के लिए है जो मेहनत और ईमानदारी पर भरोसा रखता है।
आम गलतियाँ
- पूरी कहानी या अंत बता देना।
- बहुत सारे पात्रों के नाम।
- “यह एक बेहतरीन किताब है” जैसे खुद के प्रशंसा-वाक्य।
- लेखक-परिचय ब्लर्ब से लंबा।